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Pramod Ranjan deposited सच कहने का समय: सेना के भीतर युद्ध (भारतीय सेना में जातिवाद) in the group
Sociology on Humanities Commons 2 years, 11 months ago इस आलेख में बताया गया कि भारतीय सेना के सर्वोच्च पदों पहुंचने वाले लोग ऊंची जातियों से आते हैं। सेना में इनके भीतर जाति के आधार पर वचर्स्व की लड़ाई भी चलती रहती है। सन् 2012 में जनरल वीके सिंह से संबंधित विवाद इसी प्रकार के जाति-युद्ध का नतीजा था। सेना के सर्वोच्च स्तर पर मौजूद ये प्रवृत्तियां भारत की सुरक्षा के लिए खतरनाक हैं।